Uttarakhand News 22 March 2025: Dehradun News: पश्चिमी उत्तरप्रदेश के शातिर बाइक चोर गिरोह के दो सदस्य सेलाकुई थाना पुलिस के हत्थे चढ़े हैं। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर विभिन्न स्थानों से चोरी 13 बाइक बरामद की है। सामने आया कि दोनों अपने शौक पूरा करने के लिए चोरी करते थे। सभी चोरी की गई बाइक एक ही कंपनी के एक विशेष मॉडल की हैं। सभी बाइक पुलिस को बिना नंबर प्लेट के मिली। पुलिस बाइक के बारे में जानकारी जुटा रही है। पुलिस के मुताबिक गिरोह काफी समय से पछवादून क्षेत्र में सक्रिय था।
जानकारी के अनुसार 10 से 14 मार्च के बीच भाऊवाला पैठ बाजार से एक ठेकेदार की बाइक चोरी हो गई थी। ठेकेदार जोगराज की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ चोरी का मुकदमा दर्ज किया। पुलिस ने बाइक चोर की तलाश शुरू की। सीओ प्रेमनगर रीना राठौर ने शुक्रवार को थाने में मामले का खुलासा करते हुए बताया कि पुलिस ने सीसीटीवी कैमरा की फुटेज से चोरों की पहचान की। थाना प्रभारी शैंकी कुमार के नेतृत्व में चोरों की गिरफ्तारी कि लिए टीम गठित की गई। शहर में जगह-जगह वाहनों की चेकिंग शुरू की गई। पुलिस ने सेलाकुई में चेकिंग के दौरान उत्तरप्रदेश के लखीमपुर खीरी जिले के ग्राम देहरा अजीतपुर निवासी शोभित राज और कन्नौज जिले के ग्राम मंडपुरा निवासी गौतम सिंह को चोरी की बाइक के साथ गिरफ्तार किया।
सीओ ने बताया कि पूछताछ करने पर पता चला कि शोभित राज सेलाकुई के अटक फार्म में किराये के मकान में रह रहा है। दोनों आरोपियों ने बताया कि उन्होंने विभिन्न स्थानों से 13 बाइक चोरी की है। आरोपियों की निशानदेही पर पुलिस ने कैंचीवाला में एक स्थान से झाड़ियों में छिपाई गई 12 बाइक बरामद की। बताया कि चोरों ने एक बाइक हरिद्वार के भगवानपुर थाना क्षेत्र से चुराई थी। बताया कि सभी बाइक बिना नंबर प्लेट की है। इंजन और चेसिस नंबर से चोरी की बाइक के बारे में जानकारी जुटाई जा रही है।
पहले साथ की पढ़ाई, शौक पूरे करने के लिए चोर बन गए
पुलिस पूछताछ में आरोपी शोभित और गौतम ने बताया कि वह स्कूल में साथ पढ़ते थे। उन्हें घूमने फिरने का बड़ा शौक था। उनके खर्चे भी लगातार बढ़ते जा रहे थे। नौकरी से खर्चे पूरे नहीं हो रहे थे। बताया कि अपने महंगे शौक पर हो रहे खर्चे को पूरा करने के लिए वह बाइक चोरों के गिरोह में शामिल हो गए। वह विभिन्न स्थानों से एक के बाद एक बाइक चोरी करने लगे। पुलिस की गिरफ्त में नहीं आए तो उनका हौंसला और बढ़ा। बताया कि उन्होंने सभी बाइक छिपा कर रखी थी। बताया कि वह बाइक को बेचने के लिए ले जाने की तैयारी कर रहे थे। लेकिन, चेकिंग के दौरान पकड़े गए।